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भक्ति रस काव्य व भजन

बजा कर राम का डंका जला दो फिर से लंका (Baja Kar Ram Ka Danka Jala Do Fir Se Lanka lyrics in Hindi) - Bhaktilok

121 पाठकों ने पढ़ा | लेखक: Deepak Kumar Bind
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राम भक्तों का प्रेरणादायक भजन

इस भजन के माध्यम से भक्त हनुमान को समर्पित होकर राम की महिमा गाते हैं और संकटों का समाधान प्रकट करते हैं।

 बजा कर राम का डंका जला दो फिर से लंका (Baja Kar Ram Ka Danka Jala Do Fir Se Lanka lyrics in Hindi) - राम सिया के काज सँवारे बजरंगीतेरी जय जग करता हैजलाई तुमने लंकाबजा कर राम का डंकाजला दो फिर से लंकाबजा दो फिर से डंकाहे बजरंगी हे हनुमंता ॥लाए खबर सिया लखन बचाएअहिरावण को मार गिराएअंजनी प्यारा पवन दुलाराराम दुलारा तेराराम सहारा नहीं हारातेरी जय जग करता हैजला दो फिर से लंकाबजा दो फिर से डंकाहे बजरंगी हे हनुमंता ॥सात समंदर तुमने पार किया हैसुरसा का भी उद्धार किया हैराम उचारा राम पुकाराराम दुलारा तेराराम सहारा नहीं हारातेरी जय जग करता हैजला दो फिर से लंकाबजा दो फिर से डंकाहे बजरंगी हे हनुमंता ॥नाम तेरा लेने से ही मिटती बलाएंतेरा गुणगान करे सुख पाएतुझ बिन राम काजहोता ना पूरा वरदानीतेरी जय जग करता हैजला दो फिर से लंकाबजा दो फिर से डंकाहे बजरंगी हे हनुमंता ॥राम सिया के काज सँवारे बजरंगीतेरी जय जग करता हैजलाई तुमने लंकाबजा कर राम का डंकाजला दो फिर से लंकाबजा दो फिर से डंकाहे बजरंगी हे हनुमंता ॥

🙏 विस्तृत अर्थ और भावार्थ

भजन की मुख्य थीम भगवान राम और उनकी भक्ति को प्रस्तुत करती है। इसके प्रारंभ में 'बजा कर राम का डंका' पंक्ति से भक्तजन यह संकेत करते हैं कि जब राम की महिमा और उनके कार्यों का गुंजन होता है, तब लंका पुनः उजागर करती है। यहाँ 'लंका' केवल एक स्थान नहीं, बल्कि समृद्धि और विजय का प्रतीक है। राम, सीता और लक्ष्मण का संदर्भ इस भजन में प्रेम और भक्ति के सांकेतिक प्रतीक के रूप में उपस्थित है। भक्त हनुमान का उल्लेख उनके अद्वितीय साहस और शक्ति को दर्शाता है, जिसे भजन में 'हे बजरंगी' कहकर संबोधित किया गया है। इस प्रकार भक्तजन हनुमान को स्मरण करते हुए, संकटों से मुक्ति की प्रार्थना करते हैं।

इस भजन में भावनाओं का गहराई से वर्णन किया गया है। भक्तजन हनुमान को याद करते हैं, जिन्होंने अहिरावण को पराजित करके सीता और लक्ष्मण की रक्षा की। हर एक पंक्ति में भक्त की आस्था और श्रद्धा प्रकट होती है। 'सात समंदर तुमने पार किया है' पंक्ति उनके अद्वितीय साहस का परिचायक है, जिसमें भक्त जन हनुमान की शक्तियों का गुणगान करते हैं। भजन का प्रत्येक शेर हनुमान के नाम का स्मरण करते हुए जीवन में संकटों को दूर करने और सुख प्राप्त करने की अभिलाषा व्यक्त करता है। यह भजन भक्तों को आत्मबल प्रदान करने और जीवन की कठिनाइयों में सच्चे मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है।

भक्ति मार्ग का यह भजन हमें इस बात का अवगत कराता है कि सच्ची भक्ति में विश्वास, साहस, और प्रेम होना चाहिए। यहां 'राम दुलारा तेरा' कहते हुए यह भावना व्यक्त की जाती है कि भगवान राम ही हमारे जीवन का आधार हैं। भक्ति में स्थिरता और समर्पण की आवश्यकता होती है, जिससे भक्त जन भगवान राम के साथ अपने संबंध को और मजबूती से निभा सकें। इस भजन में हनुमान की अद्वितीय शक्ति और शक्ति के प्रतीक के रूप में उनकी भक्ति का ध्यान रखते हुए भक्तजन राम के प्रति अपने कर्तव्यों का पालन करते हैं।

🔍 विशेष महत्त्व और लाभ

यह भजन भगवान राम और हनुमान के प्रति भक्ति का अद्भुत उदाहरण प्रस्तुत करता है। प्राचीन रामायण में, हनुमान का जीवन और कार्य युगों-युगों से भक्तों के लिए प्रेरणा स्रोत रहे हैं। हनुमान चालीसा जैसे अन्य भक्ति ग्रंथों में भी उनके गुणों का महान वर्णन किया गया है। यह भजन उन पवित्र कथाओं और लीलाओं का स्मरण कराता है, जो भक्तों को प्रेरित करती हैं और दिव्य की कृपा के लिए आशा जगाती हैं। रामायण में हनुमान का कार्य, जिसे उन्होंने भगवान राम की भक्ति के लिए किया, जीवन के हर क्षेत्र में मार्गदर्शन प्रदान करता है।

प्रभु श्री राम के आदर्शों और मर्यादा पुरुषोत्तम के सम्पूर्ण चरित्र का रसास्वादन करने के लिए रामायण महाग्रंथ अन्वेषक का उपयोग करें। इस भजन का जाप करने से मानसिक शांति, आत्मविश्वास और सकारात्मकता बढ़ती है। भक्तजन जब इसका उच्चारण करते हैं, तो मन की नकारात्मकता समाप्त होती है और आत्मबल में वृद्धि होती है। यह भजन ध्यान एवं साधना के समय एक अद्भुत ऊर्जा प्रदान करता है और भक्तों को शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य में सुधार करने में मदद करता है।

🕒 साधना एवं गायन विधि

इस भजन का जाप प्रातः काल या संध्या के समय करना उत्तम माना जाता है। इसके लिए एक स्वच्छ स्थान पर बिठकर भगवान राम और हनुमान की मूर्ति के सामने दीया जलाना चाहिए। भक्त को एकाग्रता पूर्वक, शांति के साथ भजन का उच्चारण करना चाहिए। ध्यान को एकाग्र करने के लिए 'राम' और 'हनुमान' के नाम को मन में स्मरण करते हुए जाप करना चाहिए।

❓ अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

इस भजन का महत्व क्या है?

यह भजन हनुमान की शक्ति और भक्ति को दर्शाता है, जिसे भक्ति मार्ग में प्रेरणा के लिए गाया जाता है। इसमें राम का स्मरण कर संकटों को दूर करने की प्रार्थना की जाती है।

कौन से भगवान का स्मरण इस भजन में किया गया है?

इस भजन में मुख्य रूप से भगवान राम और हनुमान का स्मरण किया गया है, जो भक्ति और साहस के प्रतीक हैं। भक्त इन्हें संकट मुक्ति और शक्ति प्रदान करने वाले मानते हैं।

भजन का पाठ करने के लाभ क्या हैं?

भजन का पाठ मानसिक संतुलन, आत्मबल और सकारात्मक ऊर्जा का संचार करता है, जिससे जीवन में कठिनाइयों से पार पाने में मदद मिलती है। यह ध्यान और साधना के दौरान विशेष लाभकारी होता है।

विश्वसनीय धार्मिक एवं आध्यात्मिक जानकारी

यह सामग्री भक्तिलोक संपादकीय टीम द्वारा उपलब्ध धार्मिक स्रोतों, प्रकाशित संदर्भों और परंपरागत पाठों की तुलना के आधार पर तैयार एवं समीक्षा की गई है। जहाँ पाठ के विभिन्न संस्करण उपलब्ध हैं, वहाँ संबंधित संस्करण या स्रोत का उल्लेख किया जाता है।

समीक्षित एवं सत्यापित अंतिम अद्यतन: 18 Aug 2026

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