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Krishna Bhajan

तेरे चेहरे में वो जादू है, बिन डोर खींचा आता हूँ (फिल्मी तर्ज भजन) लिरिक्स | Tere Chehre Mein Woh Jadoo Hai Filmi Tarz Bhajan Lyrics

264 पाठकों ने पढ़ा | लेखक: Chandan Sah | 2 मिनट पठन समय
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🙏 तेरे चेहरे में वो जादू है – बिन डोर खींचा आता हूँ

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(Tere Chehre Mein Woh Jadoo Hai – Filmi Tarz Bhajan)

🎵 तर्ज: “तेरे चेहरे में वो जादू है” (फिल्मी धुन) – भक्ति रस में ढाला गया प्रेम गीत

📝 भजन विवरण

🏷️ श्रेणी: फिल्मी तर्ज भजन / प्रेम भक्ति
🎶 भाव: श्रद्धा, आसक्ति, समर्पण
🎵 तर्ज: “तेरे चेहरे में वो जादू है” (जब तक है जान)
📀 विशेषता: फिल्मी धुन पर आधारित, ईश्वर के प्रति प्रेम और समर्पण का भाव

📜 भजन लिरिक्स (हिन्दी में)

तेरे चेहरे में वो जादू है,
बिन डोर खींचा आता हूँ
जाना होता है और कहीं,
तेरी ओर चला आता हूँ
तेरे चेहरे में वो जादू है,
बिन डोर खींचा आता हूँ
जाना होता है और कहीं,
तेरी ओर चला आता हूँ

जबसे तुझको देखा है,
देखकर खुदा को माना है
मानकर दिल ये कहता है,
मेरी खुशियों का तू ही खजाना
दे दे प्यार की मंजूरी,
कर दे कमी मेरी पूरी
तुझसे थोड़ी भी दूरी,
मुझको करती है दीवाना
चल पड़ते हैं तेरी ओर कदम,
मैं रोक नहीं पाता हूँ
तेरे चेहरे में वो जादू है,
बिन डोर खींचा आता हूँ
जाना होता है और कहीं,
तेरी ओर चला आता हूँ

तेरी हिरणी जैसी आँखें,
आँखों में हैं लाखों बातें
मन में जीने की प्यास जगाएँ,
तू जो एक नज़र डाले
जी उठते मरने वाले,
मन में अमृत के प्याले
मन में पीने की प्यास बढ़ाए,
पाना तुझको मुश्किल ही सही
पाने को मचल जाता हूँ
तेरे चेहरे में वो जादू है,
बिन डोर खींचा आता हूँ
जाना होता है और कहीं,
तेरी ओर चला आता हूँ

है कहूँ तो है नहीं,
नहीं कहूँ तो है
इस "है" "नहीं" के बीच में,
कुछ न कुछ तो है
तेरे चेहरे में वो जादू है,
बिन डोर खींचा आता हूँ
जाना होता है और कहीं,
तेरी ओर चला आता हूँ

🎵 मूल गीत : फिल्म “जब तक है जान” – गीतकार: गुलज़ार – संगीत: ए.आर. रहमान

📀 भजन स्वरूप : ईश्वर के प्रति समर्पण के रूप में अनुकूलित

🙏 भजन का अर्थ और संदेश

यह प्रसिद्ध फिल्मी गीत “तेरे चेहरे में वो जादू है” को भक्ति रस में गाया गया है, जहाँ भक्त ईश्वर के प्रति अपने प्रेम और समर्पण को व्यक्त करता है। “तेरे चेहरे में वो जादू है, बिन डोर खींचा आता हूँ” – प्रभु के चेहरे में ऐसा आकर्षण है कि भक्त बिना किसी खिंचाव के स्वतः ही उनकी ओर खिंचा चला आता है। चाहे उसे और कहीं जाना हो, वह बार-बार प्रभु की ओर ही मुड़ आता है।

भक्त कहता है – “जबसे तुझको देखा है, देखकर खुदा को माना है”। उसकी खुशियों का एकमात्र खजाना प्रभु ही हैं। वह प्रभु से प्रार्थना करता है कि वे अपना प्यार दें, उसकी कमी पूरी करें। उनसे थोड़ी सी दूर भी उसे दीवाना बना देती है।

दूसरे अंतरे में – प्रभु की आँखों (हिरणी जैसी) में लाखों बातें हैं। उनकी एक नज़र मरने वालों को भी जीवित कर देती है, मन में अमृत के प्याले भर देती है। प्रभु को पाना मुश्किल है, फिर भी भक्त उन्हें पाने के लिए मचल उठता है।

तीसरे अंतरे में – “है कहूँ तो है नहीं, नहीं कहूँ तो है” – यह उस परम सत्ता के स्वरूप का वर्णन है जो सगुण भी है और निर्गुण भी। “है” और “नहीं” के बीच में वह जादू है जो भक्त को खींच लाता है।

यह भजन भक्त और प्रभु के बीच के अदृश्य प्रेम-बंधन को सरल शब्दों में प्रस्तुत करता है।

🔍 भजन का विशेष महत्त्व

फिल्मी तर्ज भजन की परम्परा: यह भजन फिल्मी धुनों को भक्ति रस में ढालने की परम्परा का उदाहरण है। इससे युवा पीढ़ी भक्ति से जुड़ पाती है।

ईश्वर के प्रति आकर्षण का वर्णन: “बिन डोर खींचा आता हूँ” – यह पंक्ति बताती है कि ईश्वर का आकर्षण इतना अद्भुत है कि भक्त स्वतः ही उनकी ओर दौड़ पड़ता है।

सगुण-निर्गुण का समन्वय: “है कहूँ तो है नहीं, नहीं कहूँ तो है” – यह अद्वैत दर्शन का सरल प्रस्तुतिकरण है।

💖 प्रेम भक्ति का अद्भुत रस

🎯 संदेश

प्रभु के चेहरे का जादू इतना गहरा है कि उसे एक बार देख लेने वाला फिर कभी उनसे दूर नहीं हो सकता। वह बिना किसी बंधन के स्वतः ही उनकी ओर खिंचा चला आता है।

✨ आस्था का प्रतीक

यह भजन उन सभी भक्तों के लिए प्रेरणा है जो ईश्वर से सच्चा प्रेम करते हैं। यह बताता है कि प्रभु की ओर खिंचना कोई दिखावा नहीं, बल्कि हृदय का सहज भाव है।

🙏 ॐ नमो भगवते वासुदेवाय ।। जय श्री कृष्ण ।। हर हर महादेव ।।

॥ इति फिल्मी तर्ज भजनम् ॥
॥ तेरे चेहरे में वो जादू है, बिन डोर खींचा आता हूँ – तेरी ओर चला आता हूँ ॥
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विश्वसनीय धार्मिक एवं आध्यात्मिक जानकारी

यह सामग्री भक्तिलोक संपादकीय टीम द्वारा उपलब्ध धार्मिक स्रोतों, प्रकाशित संदर्भों और परंपरागत पाठों की तुलना के आधार पर तैयार एवं समीक्षा की गई है। जहाँ पाठ के विभिन्न संस्करण उपलब्ध हैं, वहाँ संबंधित संस्करण या स्रोत का उल्लेख किया जाता है।

समीक्षित एवं सत्यापित अंतिम अद्यतन: 13 Aug 2026

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