सनातन श्रेणी संग्रह · पृष्ठ 27
1,240+ पावन रचनाएँ

Krishna Bhajan
पावन भक्ति संग्रह

भक्तिलोक पर Krishna Bhajan के अंतर्गत सभी भक्ति रचनाओं, लोकप्रिय भजनों, आरतियों, चालीसा और मंत्रों का प्रामाणिक संकलन सरल हिंदी भावार्थ एवं शास्त्रीय संदर्भ सहित पढ़ें।

शास्त्र-सम्मत एवं संपादकीय रूप से तैयार सामग्री

शुद्ध पाठ, व्याकरणिक स्पष्टता, पौराणिक संदर्भ और भावार्थ सहित भक्ति साहित्य।

1,240+ रचनाएँ उपलब्ध
207,564+ साधक दर्शनार्थी
27 / 62 वर्तमान सूची पृष्ठ
विज्ञापन / ADVERTISEMENT
भक्तिलोक प्रायोजक संदेश · ज्ञान एवं आध्यात्मिकता को समर्पित डिजिटल मंच

Krishna Bhajan परिचय एवं आध्यात्मिक महत्व

सनातन संस्कृति और भक्ति परंपरा में Krishna Bhajan का स्थान अत्यंत पावन है। कलियुग में नाम संकीर्तन और प्रभु वंदना को समस्त क्लेशों से मुक्ति तथा आत्मिक शांति का सबसे सुलभ साधन बताया गया है।

भक्तिलोक के संपादकीय मंडल द्वारा इस संग्रह के प्रत्येक भजन, पद, स्तुति एवं कथा को शुद्धता, व्याकरणिक स्पष्टता, पौराणिक संदर्भ और भावार्थ के साथ प्रस्तुत किया गया है ताकि श्रद्धालुजन सुगमता से भक्ति रस का अनुभव कर सकें।

Krishna Bhajan संग्रह (1240)

पृष्ठ 27 का 62
मा
Krishna Bhajan

माँ तू मेरी प्यारी माँ माँ तू जग से न्यारी माँ लिरिक्स (Maa Tu Meri Pyari Maa Maa Tu Jag Se Nyari Maa Lyrics in Hindi) - Naveen Acharya Mata Bhajan - Bhaktilok

"माँ तू मेरी प्यारी माँ, माँ तू जग से न्यारी माँ" यह भजन मातृभक्ति और ईश्वर-प्रेम का अद्वितीय संगम है। इस पावन रचना में साधक अपनी …

मु
Krishna Bhajan

मुझे अपना बना लो श्याम बेटी बुला लो श्याम भजन लिरिक्स (Mujhe Apna Bana Lo Shyam Lyrics in Hindi) - Radha Krishna Bhajan - Bhaktilok

मुझे अपना बना लो श्याम बेटी बुला लो श्याम भजन लिरिक्स (Mujhe Apna Bana Lo Shyam Lyrics in Hindi) - Radha Krishna Bhajan - Bhaktilo…

बन
Krishna Bhajan

बनके दुल्हनिया श्याम पिया की ब्रज नगरी अब जाउंगी लिरिक्स भजन ( Banke Dulhaniya Shyam Piya Ki Braj Nagri Ab Lyrics in Hindi ) - Shyam Bhajan - Bhaktilok

बनके दुल्हनिया श्याम पिया की ब्रज नगरी अब जाउंगी लिरिक्स भजन ( Banke Dulhaniya Shyam Piya Ki Braj Nagri Ab Lyrics in Hindi ) …

श्
Krishna Bhajan

श्यामा तू अपना ना बनया मैं रहया तेरे भरोसे ते लिरिक्स (shyama tu apna naa bnaaya main reha tere bharose te Lyrics in Hindi) - Krishna Bhajan - Bhaktilok

 श्यामा तू अपना ना बनया मैं रहया तेरे भरोसे ते लिरिक्स (shyama tu apna naa bnaaya main reha tere bharose te Lyrics in Hi…

का
Krishna Bhajan

कान्हा तेरी याद आयी | Kanha Teri Yaad Aayi | Radha Krishna Jhanki Dance 2022 | New DJ Jhanki - Bhaktilok

"कान्हा तेरी याद आयी" भजन केवल एक गीत नहीं, बल्कि विरह और मिलन की उस पराकाष्ठा का अनुभव है जहाँ भक्त अपनी आत्मा को परमात्मा के चरण…

हम
Krishna Bhajan

हमारे दो ही रिश्तेदार एक हमारी राधा रानी दूजे बांके बिहारी सरकार भजन ( Humare Do Hi Rishtedaar Lyrics in Hindi ) - Bageshwar Dham Sarkar Radha Krishna Bhajan - Bhaktilok

"हमारे दो ही रिश्तेदार, एक हमारी राधा रानी, दूजे बांके बिहारी सरकार" - यह भजन केवल शब्दों का समूह नहीं, बल्कि एक भक्त की अनन्य निष…

मो
Krishna Bhajan

मोहन बिक गए प्रेम नगरिया (Mohan Bik Gaye Prem Nagariya) - Krishna Bhajan LAKHBIR SINGH LAKKHA - Bhaktilok

"मोहन बिक गए प्रेम नगरिया" (Mohan Bik Gaye Prem Nagariya) सनातन हिंदू धर्म की समृद्ध संकीर्तन परंपरा का एक अत्यंत लोकप्रिय और हृदय…

श्
Krishna Bhajan

श्री कृष्णा गोविन्द हरे मुरारी लिरिक्स (Shree Krishna Govind Hare Murari Lyrics in Hindi) - Krishna Bhajan - Bhaktilok

श्री कृष्णा गोविन्द हरे मुरारी लिरिक्स (Shree Krishna Govind Hare Murari Lyrics in Hindi) - श्री कृष्णा गोविन्द हरे मुरारीहे…

हे
Krishna Bhajan

हे गोपाल कृष्णा करूँ आरती तेरी (Hey Gopal Krishan Karu Aarti Teri Lyrics in Hindi) - Krishna Bhajan Upasana Mehta - Bhaktilok

"हे गोपाल कृष्णा करूँ आरती तेरी" एक अत्यंत भावपूर्ण और हृदयस्पर्शी भजन है, जो भक्त की अपने आराध्य श्री कृष्ण के प्रति अनन्य भक्ति …

गो
Krishna Bhajan

गोकुल नगरी में रहता है कोई जादूगर भजन लिरिक्स (Gokul Nagari Me Rahta Hai Koi Jadugar Bhajan Lyrics in Hindi) - Krishna Bhajan Kanhaiya Ji - Bhaktilok

 गोकुल नगरी में रहता है कोई जादूगर भजन लिरिक्स (Gokul Nagari Me Rahta Hai Koi Jadugar Bhajan Lyrics in Hindi) - अपना दहि…

Krishna Bhajan से जुड़े मुख्य प्रश्न (FAQs)

भगवान कृष्ण के सबसे लोकप्रिय भजनों में "अच्युतम केशवं कृष्ण दामोदरं", "यशोमती मैया से बोले नंदलाला", "राधे राधे जपा करो", "मीठे रस से भरोरी राधा रानी लागे", और "हरे कृष्ण महामंत्र" प्रमुख हैं।

कृष्ण भजन और ध्यान के लिए सुबह का ब्रह्म मुहूर्त (सूर्योदय से पूर्व) एवं संध्या काल सबसे उत्तम माना जाता है, परंतु निष्काम भक्ति और नाम संकीर्तन किसी भी समय किया जा सकता है।

अष्टछाप महाप्रभु वल्लभाचार्य और गोस्वामी विट्ठलनाथ द्वारा स्थापित आठ प्रमुख कृष्णभक्त कवियों का समूह था, जिसमें सूरदास, कुम्भनदास, परमानन्ददास आदि शामिल थे। इन्होंने ब्रजभाषा में मधुर कृष्ण पदों की रचना की।

“हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे, हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे” महामंत्र कलियुग में मानसिक शांति और प्रभु प्राप्ति का सबसे सरल व प्रभावशाली साधन माना गया है।