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प्रामाणिक मंदिर विवरण

चंद्रशेखर आज़ाद पार्क हनुमान मंदिर, प्रयागराज - Chandrashekhar Azad Park Hanuman Mandir, Prayagraj: आस्था और स्वतंत्रता संग्राम का अद्वितीय संगम

524 दर्शनार्थी | प्रकाशित: 22 March 2026
इतिहास व दर्शन पढ़ें
दर्शन निर्देशिका (Temple Stats)
Hanuman आराध्य देव
6 AM - 9 PM दर्शन समय
आरती समय आरती समय

मंदिर संक्षिप्त विवरण

आराध्य देव Hanuman
स्थान / पता Chandrashekhar Azad Park, Civil Lines, Prayagraj, Uttar Pradesh
आकार:
कंट्रास्ट:

🕉️ चंद्रशेखर आज़ाद पार्क हनुमान मंदिर, प्रयागराज

आस्था, शक्ति और स्वतंत्रता संग्राम का अद्वितीय संगम (Chandrashekhar Azad Park Hanuman Mandir, Prayagraj)

प्रयागराज के ऐतिहासिक चंद्रशेखर आज़ाद पार्क में स्थित प्रसिद्ध हनुमान मंदिर

🌟 परिचय: आस्था और इतिहास का मिलन स्थल

प्रयागराज (पूर्व में इलाहाबाद) के हृदय स्थल चंद्रशेखर आज़ाद पार्क (पूर्व नाम अल्फ्रेड पार्क) में स्थित हनुमान मंदिर न केवल एक धार्मिक स्थल है, बल्कि स्वतंत्रता संग्राम की गौरवशाली स्मृतियों से जुड़ा एक ऐतिहासिक धरोहर भी है। यह मंदिर भगवान हनुमान को समर्पित है और यहाँ की मान्यता है कि बजरंगबली के दर्शन से भक्तों की सभी मनोकामनाएँ पूर्ण होती हैं।

यह पार्क, जहाँ महान क्रांतिकारी चंद्रशेखर आज़ाद ने अंग्रेज़ों से लड़ते हुए वीरगति प्राप्त की थी, आज भी देशभक्ति और आध्यात्मिकता का अद्भुत संगम प्रस्तुत करता है। मंदिर की शांत वातावरण, पार्क की हरियाली और ऐतिहासिक महत्व इसे प्रयागराज के प्रमुख आकर्षणों में से एक बनाते हैं।

📍 स्थान और कैसे पहुँचें (Location & How to Reach)

चंद्रशेखर आज़ाद पार्क हनुमान मंदिर उत्तर प्रदेश के प्रयागराज शहर के सिविल लाइन्स क्षेत्र में स्थित है। यह पार्क शहर के मध्य में होने के कारण यहाँ पहुँचना अत्यंत सुगम है।

  • रेल मार्ग: प्रयागराज जंक्शन (पूर्व में इलाहाबाद जंक्शन) सबसे निकटतम रेलवे स्टेशन है, जो देश के सभी प्रमुख शहरों से जुड़ा है। स्टेशन से पार्क लगभग 3 किमी की दूरी पर है।
  • सड़क मार्ग: प्रयागराज सड़क मार्ग द्वारा अच्छी तरह से जुड़ा हुआ है। नेशनल हाईवे 19 और 30 शहर से गुजरते हैं। ऑटो, टैक्सी और सिटी बसें आसानी से उपलब्ध हैं।
  • हवाई मार्ग: निकटतम हवाई अड्डा प्रयागराज हवाई अड्डा (बमरौली) है, जो शहर से लगभग 12 किमी दूर है। यहाँ से दिल्ली, मुंबई, कोलकाता आदि के लिए नियमित उड़ानें हैं।
🗺️

चंद्रशेखर आज़ाद पार्क, सिविल लाइन्स, प्रयागराज

प्रयागराज जंक्शन से दूरी: ~3 किमी
त्रिवेणी संगम से दूरी: ~5 किमी

📜 ऐतिहासिक एवं पौराणिक पृष्ठभूमि

इस पार्क का ऐतिहासिक महत्व अत्यधिक है। 27 फरवरी 1931 को यहीं पर चंद्रशेखर आज़ाद ने अंग्रेज़ पुलिस से घिरकर अपनी अंतिम साँस ली थी। उनकी शहादत के बाद इस पार्क का नाम अल्फ्रेड पार्क से बदलकर चंद्रशेखर आज़ाद पार्क कर दिया गया। पार्क के भीतर उनकी प्रतिमा और स्मारक स्थल आज भी देशभक्तों के लिए प्रेरणास्रोत है।

मंदिर के संबंध में कहा जाता है कि यह स्थान प्राचीन काल से ही साधना का केंद्र रहा है। स्थानीय मान्यता के अनुसार, यहाँ स्थापित हनुमान जी की मूर्ति स्वयंभू है और यह मंदिर प्रयागराज के प्रमुख हनुमान मंदिरों में गिना जाता है। यह मान्यता है कि इस मंदिर में आने से भक्तों के कष्ट दूर होते हैं और उनमें शारीरिक व मानसिक बल का संचार होता है।

स्वतंत्रता सेनानी भी इस मंदिर में आकर शक्ति अर्जित करते थे और अपने संकल्प को दृढ़ करते थे। आज भी यह मंदिर आस्था और देशभक्ति का अद्वितीय संगम है।

🚩

"चंद्रशेखर आज़ाद की शहादत और हनुमान जी की आस्था का संगम"

मान्यता: यहाँ सच्चे मन से हनुमान चालीसा का पाठ करने से भक्तों की सभी मनोकामनाएँ पूर्ण होती हैं।

🏛️ मंदिर की वास्तुकला और विशेषताएँ

🙏 भगवान हनुमान की भव्य प्रतिमा

मंदिर के गर्भगृह में भगवान हनुमान की प्रतिमा विराजमान है, जो अपने भक्तों पर कृपा बरसाती है। प्रतिमा को सिंदूर और फूलों से सजाया जाता है, विशेषकर मंगलवार और शनिवार को यहाँ भक्तों की भारी भीड़ उमड़ती है।

🌳 हरा-भरा और ऐतिहासिक परिसर

मंदिर चंद्रशेखर आज़ाद पार्क के अंदर स्थित है, जो शहर का सबसे बड़ा और सबसे पुराना पार्क है। यहाँ की हरियाली, फव्वारे, बच्चों के खेलने के स्थान और ऐतिहासिक स्मारक परिसर की शोभा बढ़ाते हैं। पार्क में चंद्रशेखर आज़ाद की प्रतिमा और स्मारक भी स्थित है, जहाँ लोग श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं।

🏞️ शांत वातावरण और ध्यान केंद्र

पार्क का विशाल क्षेत्र और मंदिर का शांत वातावरण ध्यान और साधना के लिए अत्यंत उपयुक्त है। सुबह के समय यहाँ योग और प्राणायाम करने वालों की संख्या अधिक होती है। मंदिर परिसर में बैठकर हनुमान चालीसा का पाठ और भजन-कीर्तन का आयोजन भी नियमित रूप से होता है।

✨ धार्मिक महत्व और मान्यताएँ

  • संकट मोचन: भगवान हनुमान को संकट मोचन कहा जाता है। यहाँ आने से सभी प्रकार के कष्टों से मुक्ति मिलती है।
  • बल और बुद्धि की प्राप्ति: हनुमान जी की आराधना से शारीरिक बल, मानसिक शक्ति और बुद्धि का विकास होता है।
  • शनि दोष निवारण: मान्यता है कि यहाँ मंगलवार और शनिवार को विशेष पूजा करने से शनि दोष और अन्य ग्रहों के अशुभ प्रभाव समाप्त होते हैं।
  • रोग निवारण: भक्तों की मान्यता है कि इस मंदिर में आकर हनुमान जी का आशीर्वाद लेने से लंबी बीमारियाँ दूर होती हैं।
  • सकारात्मक ऊर्जा: पार्क की हरियाली और मंदिर की पवित्रता मन को शांति और सकारात्मक ऊर्जा प्रदान करती है।

🎉 यहाँ मनाए जाने वाले प्रमुख त्योहार

🙏

हनुमान जयंती

यहाँ का सबसे भव्य त्योहार। चैत्र पूर्णिमा के दिन मंदिर को फूलों और रोशनी से सजाया जाता है। विशेष पूजा, भजन-कीर्तन, और भंडारे का आयोजन होता है।

📿

मंगलवार और शनिवार

प्रत्येक मंगलवार और शनिवार को यहाँ विशेष पूजा-अर्चना होती है। भक्त सिंदूर, चोला, और प्रसाद चढ़ाकर हनुमान जी की कृपा प्राप्त करते हैं।

🇮🇳

स्वतंत्रता दिवस और गणतंत्र दिवस

पार्क में स्थित चंद्रशेखर आज़ाद की प्रतिमा पर विशेष श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित होते हैं, जिनमें बड़ी संख्या में लोग भाग लेते हैं।

🏞️ प्रयागराज के आस-पास के अन्य दर्शनीय स्थल

  • त्रिवेणी संगम: गंगा, यमुना और सरस्वती का पवित्र संगम स्थल। यहाँ से लगभग 5 किमी दूर।
  • इलाहाबाद किला (अकबर का किला): ऐतिहासिक किला, जिसमें अशोक स्तंभ और पातालपुरी मंदिर स्थित है।
  • आनंद भवन: नेहरू-गांधी परिवार का ऐतिहासिक घर, अब एक संग्रहालय।
  • हनुमान मंदिर (संगम क्षेत्र): प्रयागराज का प्रसिद्ध लेटे हुए हनुमान मंदिर, संगम के निकट स्थित।
  • अल्लूई स्थान: शहर का प्राचीन शिव मंदिर।
  • खुसरो बाग: मुगलकालीन बाग, जहाँ जहाँगीर के पुत्र खुसरो की समाधि है।
  • प्रयागराज संग्रहालय: चंद्रशेखर आज़ाद पार्क के अंदर ही स्थित, जहाँ प्राचीन कलाकृतियाँ और ऐतिहासिक अवशेष रखे हैं।
📌 यात्रा टिप: आप एक ही दिन में चंद्रशेखर आज़ाद पार्क हनुमान मंदिर, संगम स्थल, इलाहाबाद किला और आनंद भवन के दर्शन कर सकते हैं, क्योंकि ये सभी स्थान एक-दूसरे से 2-5 किमी के दायरे में हैं।

🗓️ यात्रा का सर्वोत्तम समय और सुझाव

🌤️ सर्वोत्तम समय

प्रयागराज की यात्रा के लिए अक्टूबर से मार्च के महीने सबसे उपयुक्त हैं। इस दौरान मौसम सुहावना रहता है, जिससे पार्क और मंदिर के दर्शन सुखद रहते हैं।

  • शीत ऋतु (अक्टूबर-फरवरी): यात्रा के लिए आदर्श।
  • हनुमान जयंती (मार्च-अप्रैल): यदि आप त्योहारी धूम देखना चाहें तो यह समय सबसे अच्छा है, हालांकि भीड़ अधिक होती है।

📝 यात्रा सुझाव

  • सुबह जल्दी या शाम के समय दर्शन करना अधिक उपयुक्त रहता है।
  • मंगलवार या शनिवार को विशेष पूजा का लाभ उठाएँ।
  • पार्क में स्थित प्रयागराज संग्रहालय और चंद्रशेखर आज़ाद स्मारक अवश्य देखें।
  • पूजा सामग्री मंदिर परिसर के बाहर आसानी से मिल जाती है।
  • पार्क में सैर करें और हरियाली का आनंद लें।

❓ अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)

प्रश्न 1: चंद्रशेखर आज़ाद पार्क हनुमान मंदिर कहाँ स्थित है?

उत्तर: यह उत्तर प्रदेश के प्रयागराज शहर के सिविल लाइन्स क्षेत्र में चंद्रशेखर आज़ाद पार्क (पूर्व में अल्फ्रेड पार्क) के अंदर स्थित है।

प्रश्न 2: इस मंदिर का विशेष महत्व क्या है?

उत्तर: यह मंदिर आस्था और स्वतंत्रता संग्राम के इतिहास का संगम है। यहीं पर चंद्रशेखर आज़ाद ने शहादत पाई थी। यहाँ का हनुमान मंदिर प्रयागराज के प्रमुख धार्मिक स्थलों में से एक है।

प्रश्न 3: मंदिर के दर्शन का समय क्या है?

उत्तर: मंदिर प्रातः 5:00 बजे से रात्रि 9:00 बजे तक खुला रहता है। विशेष अवसरों पर समय में परिवर्तन हो सकता है।

प्रश्न 4: क्या मंदिर में कोई प्रवेश शुल्क है?

उत्तर: नहीं, मंदिर और पार्क दोनों में प्रवेश निःशुल्क है।

प्रश्न 5: यहाँ कैसे पहुँचा जा सकता है?

उत्तर: प्रयागराज जंक्शन से ऑटो या टैक्सी लेकर 10-15 मिनट में पहुँचा जा सकता है। शहर के किसी भी हिस्से से सिटी बस या ऑटो उपलब्ध हैं।

प्रश्न 6: क्या पार्क में रुकने की व्यवस्था है?

उत्तर: पार्क के भीतर कोई आवासीय व्यवस्था नहीं है, लेकिन प्रयागराज शहर में कई होटल, धर्मशालाएँ और गेस्ट हाउस उपलब्ध हैं।

प्रश्न 7: यहाँ कौन-कौन से त्योहार धूमधाम से मनाए जाते हैं?

उत्तर: हनुमान जयंती, प्रत्येक मंगलवार और शनिवार, तथा स्वतंत्रता दिवस और गणतंत्र दिवस पर विशेष कार्यक्रम आयोजित होते हैं।

📝 चंद्रशेखर आज़ाद पार्क हनुमान मंदिर की यात्रा का आध्यात्मिक लाभ

चंद्रशेखर आज़ाद पार्क हनुमान मंदिर, प्रयागराज एक ऐसा स्थल है जहाँ आस्था, देशभक्ति और प्राकृतिक सौंदर्य का अद्भुत संगम देखने को मिलता है। यहाँ आकर भक्त न केवल भगवान हनुमान का आशीर्वाद प्राप्त करते हैं, बल्कि उन महान क्रांतिकारियों की वीरता और बलिदान से भी प्रेरणा लेते हैं जिन्होंने देश की आज़ादी के लिए अपने प्राण न्यौछावर कर दिए।

पार्क की हरियाली, मंदिर की शांति, और इतिहास की गूँज मिलकर यहाँ एक अद्वितीय वातावरण निर्मित करती है। चाहे आप भगवान हनुमान के भक्त हों, इतिहास प्रेमी हों, या बस एक शांतिप्रिय पर्यटक, यह स्थान आपको एक समग्र और अविस्मरणीय अनुभव प्रदान करेगा।

प्रयागराज की तीर्थ यात्रा के दौरान इस मंदिर के दर्शन अवश्य करें और बजरंगबली की कृपा प्राप्त करें।

🙏 ॐ हनुमते नमः ।। जय श्री राम ।।

🚩 चंद्रशेखर आज़ाद पार्क हनुमान मंदिर, प्रयागराज
आस्था, शक्ति और स्वतंत्रता संग्राम का अद्वितीय संगम

संकटमोचन बजरंगबली के पावन चालीसा, अष्टक और मंगलवार आराधना विधि के लिए हनुमान साधना कक्ष अवश्य देखें।

प्रामाणिक मंदिर दर्शन मार्गदर्शिका

यह मंदिर विवरण भक्तिलोक संपादकीय मंडल द्वारा प्रामाणिक धर्मग्रंथों, ऐतिहासिक शोधपत्रों एवं संबंधित मंदिर समितियों द्वारा जारी की गई अधिकारिक सूचनाओं के आधार पर समीक्षित एवं सत्यापित किया गया है।

इतिहास एवं तथ्य-जांचित अंतिम सत्यापन तिथि: 22 Mar 2026

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